Share this post

मानव तस्करी का पर्दाफ़ाश, नवजात को बिस्किट के डिब्बों में भर कर बेचता था गिरोह 

मानव तस्करी का काला धंधा आज भी पुलिस की आँखों के सामने होता रहता है। अस्पतालों में आज भी रेड पड़ती है, बड़े-बड़े गैंग पकड़े जाते हैं फिर भी कुछ समय बाद मानव तस्करी का गन्दा काम चालू हो जाता है। इस बार मानव तस्करी में फंसी एक नवजात मासूम, दुनिया में कदम रखते ही उसे यहाँ के काले सच का सामना करना पड़ गया।

मानव तस्करी का काला धंधा करते एक अस्पताल की खबर सामने निकल कर आयी है, जहाँ मासूमों को बिस्कुट के डिब्बे में रख कर बेच दिया जाता है। जानते हैं पूरी कहानी।

मानव तस्करी का पर्दाफ़ाश, नवजात को बिस्किट के डिब्बों में भर कर बेचता था गिरोह 

मानव तस्करी का पर्दाफ़ाश, नवजात को बिस्किट के डिब्बों में भर कर बेचता था गिरोह 

754 396
logo
  in People

कोलकाता में बेच दिया गया एक नवजात को 

कोलकाता में बेच दिया गया एक नवजात को 

महज 1 दिन हुआ था इस मासूम को दुनिया में कदम रखे और इसे अस्पताल से ही बंगाल में बेच दिया गया। दरअसल जिस अस्पताल में यह बच्ची जन्मी थी उस अस्पताल का धंधा ही यही था। यह घटना हावड़ा जिले के बादुड़िया नामक जगह की है। 

पुलिस और CID ने मिल कर हल किया यह केस 

पुलिस और CID ने मिल कर हल किया यह केस 

पुलिस ने CID की मदद से इस केस को हल किया और आरोपियों को गिरफ्तार किया। 

8 लोग हुए गिरफ्तार 

8 लोग हुए गिरफ्तार 

इस मामले में अस्पताल के मालिक समेत 8 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। 

आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा 

आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा 

पुलिस ने अस्पताल पर रेड डालते हुए आरोपियों को रंगें हाथों पकड़ा है। अस्पताल के बंद कमरों को जब तोड़ कर देखा गया तो वहां कई नवजात बिस्किट के डिब्बो में पैक थे, और बेचने के लिए तैयार किये जा रहे थे।

पुलिस की माने तो अस्पताल के कर्मचारी अकेली औरतों को निशाना बनाते थे 

पुलिस की माने तो अस्पताल के कर्मचारी अकेली औरतों को निशाना बनाते थे 

पुलिस अनुसार अस्पताल के लोग अकेली औरतों को निशाना बना कर उनके बच्चो को बेचने के लिए पैसे ऑफर करते थे। यदि लड़का हुआ तो 3 लाख और लड़की हुई तो 1 लाख रुपये लड़की की माँ को दिए जाते थे।

3 सालों में करीब 25 बच्चों को बेच दिया गया 

3 सालों में करीब 25 बच्चों को बेच दिया गया 

पूछताछ के दौरान पता चला कि इस अस्पताल से पिछले 3 सालों में करीब 25 बच्चों को बेचा जा चुका है। 

आखिर कब तक चलता रहेगा यह कला धंधा 

आखिर कब तक चलता रहेगा यह कला धंधा 

कहते हैं डॉक्टर और माँ भगवान समान होते हैं। और एक बच्चे के लिए वही दो लोग ज़िंदगी का कारण होते हैं। यदि वही दोनों लोग आपस में समझौता कर चंद पैसो के खातिर अपनी नन्ही सी जान को बेच दें तो जवाब किससे माँगा जाये?

बच्चे अमानत हैं उन्हें बेचना बंद करो। Stop Child Trafficing.

सौजन्य- NDTV 

क्या सरकार को मानव तस्करी के खिलाफ सख्त कदम उठाने की जरूरत है?

others like

Loved this? Spread it out then

Report

close

Select you are Reporting

expand_more
  • GreenPear
  • GreenPear
  • GreenStrawberry
  • GreenStrawberry
  • RedApple
  • RedApple
  • +2351 Active user
Post as @guest useror